रुद्रप्रयाग में है सिद्धपीठ मां हरियाली देवी मंदिर, कृष्ण जन्माष्टमी और दिवाली पर लगता है मेला

by Ravinder Singh

देवभूमि उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग (rudraprayag) जिले में मां हरियाली देवी (hariyali devi temple) का प्रसिद्ध और पवित्र धार्मिक स्थल है। समुद्र की सतह से लगभग 1400 मीटर की उंचाई पर स्थित मां हरियाली देवी मंदिर (hariyali devi temple) हिमालय श्रंखलाओं से घिरा हुआ है। मां हरियाली देवी मंदिर देश के 58 सिद्धपीठ मंदिरों में से एक है। मंदिर की देवी को सीता माता, बाला देवी और वैष्णो देवी के नाम से जाना जाता है। मंदिर में मां हरियाली देवी के साथ-साथ क्षत्रपाल और हीट देवी की मूर्तियां भी हैं। यात्रा करने के लिए यह एक महत्वपूर्ण स्थल है। जन्माष्टमी और दिवाली के शुभ अवसर पर हजारों की संख्या में श्रद्धालु यहां आते हैं।

पौराणिक कथा

मां हरियाली देवी मंदिर देश के 58 सिद्धपीठ मंदिरों में से एक हैं। हिंदू पौराणिक कथाओं के अनुसार जब देवकी माता और वासुदेव की सातंवी संतान के रूप में महामाया देवी पैदा हुई, तो कंस ने महामाया देवी को जमीन पर पटककर मारना चाहा। कंस ने जैसे ही महामाया देवी को जमीन पर पटका, उनके शरीर के टुकड़े पूरी पृथ्वी पर बिखर गए। मान्यता है कि महामाया देवी का हाथ जसोली नामक गांव में गिर गया, इसलिए इस जगह को 58 सिद्धपीठों में से एक माना जाता है। बाद में यहां पर हरियाली देवी मंदिर का निर्माण किया गया।

hariyali devi temple rudraprayag

Source – Goibibo

साल में दो बार लगता है मेला

मंदिर के निर्माण को लेकर मान्यता है कि इसका निर्माण आदि शंकराचार्य के समय किया गया था। हालांकि तब से अब तक मंदिर को कई बार पुनर्निर्मित किया जा चुका है। मंदिर की बुनियादी सजावट, वर्मिलियन और पीले रंगों के साथ की गयी है, जो हिंदू धर्म में बहुत ही पवित्र माना जाता है। मां हरियाली देवी के मंदिर में हर साल कृष्ण जन्माष्टमी पर तीन दिन और दिवाली पर दो दिन का मेला लगता है। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां आते हैं। दिवाली पर मां हरियाली की डोली को सात किलोमीटर दूर हरियाली कांठा ले जाया जाता है। इस यात्रा में भाग लेने वाले सभी श्रद्धालु एक हफ्ते पहले से ही मीट-मांस, मदिरा, अंडा, प्याज और लहसुन का सेवन करना बंद कर देते हैं। यात्रा में सिर्फ पुरुष श्रद्धालु ही भाग लेते हैं।

कैसे पहुंचें मां हरियाली देवी मंदिर

हरियाली देवी मंदिर से रुद्रप्रयाग की दूरी लगभग 30 किलोमीटर है। रुद्रप्रयाग से हरियाली देवी मंदिर जाने के लिए आसानी से वाहन मिल जाते हैं। रुद्रप्रयाग सड़क मार्ग से देहरादून, ऋषिकेश, कोटद्वार सहित उत्तर भारत के कई प्रमुख शहरों से जुड़ा हुआ है। रुद्रप्रयाग से नजदीकी रेलवे स्टेशन 141 किलोमीटर दूर ऋषिकेश और 161 किलोमीटर दूर हरिद्वार में है। यहां से निकटतम हवाई अड्डा लगभग 155 किलोमीटर दूर देहरादून में है।

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Web Title hariyali devi temple in rudraprayag

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